कुशीनगर: सीएचसी रामकोला की बदहाली पर बरसे सीडीओ, औचक निरीक्षण में खुली पोल।

शक्ति कुमार ✍️
रामकोला,कुशीनगर। के मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) ने सोमवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) रामकोला का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान अस्पताल में व्याप्त अव्यवस्थाओं और भ्रष्टाचार की शिकायतों की पुष्टि होने पर सीडीओ का पारा चढ़ गया। उन्होंने मौके पर मौजूद चिकित्सा प्रभारी को कड़ी फटकार लगाई और कार्यशैली में सुधार न होने पर कठोर कार्रवाई की चेतावनी दी।
बाहरी दवाओं और जांच का बोलबाला
निरीक्षण के दौरान सबसे गंभीर मुद्दा बाहरी जांच और निजी मेडिकल स्टोर की दवाओं का रहा। जब सीडीओ ने चिकित्सा प्रभारी से सवाल किया कि सरकारी अस्पताल में पर्याप्त संसाधनों के बावजूद मरीजों को बाहर की जांचें और दवाएं क्यों लिखी जा रही हैं, तो प्रभारी के पास इसका कोई संतोषजनक जवाब नहीं था। वे सवालों के घेरे में बगले झांकते नजर आए।
सुधरने का नाम नहीं ले रहे डॉक्टर
रामकोला सीएचसी लंबे समय से विवादों में रही है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि यहाँ के डॉक्टर सुधारने का नाम नहीं ले रहे हैं। अस्पताल परिसर में तैनात स्वास्थ्यकर्मी और चिकित्सक मरीजों की सेवा के बजाय निजी लैब और मेडिकल स्टोरों को लाभ पहुँचाने में अधिक रुचि दिखा रहे हैं।
बीते सप्ताह हुआ था भारी हंगामा
गौरतलब है कि बीते सप्ताह भी अस्पताल में बाहर से जांच लिखे जाने को लेकर जमकर हंगामा हुआ था। ग्रामीणों और तीमारदारों ने डॉक्टरों पर कमीशनखोरी का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया था। इसी हंगामे और लगातार मिल रही शिकायतों का संज्ञान लेते हुए सीडीओ ने यह औचक छापेमारी की।
अधिकारी की सख्त तेवर: सीडीओ ने खामियां देख चिकित्सा प्रभारी को लगाई कड़ी फटकार। सवाल निरुत्तर: बाहर से दवाएं और जांच लिखे जाने के सवाल पर चुप्पी साधे रहे जिम्मेदार।
बार-बार शिकायतों और हंगामे के बावजूद नहीं बदल रही अस्पताल की तस्वीर।
्सीडीओ के इस औचक निरीक्षण से अस्पताल कर्मियों में हड़कंप मचा हुआ है। अब देखना यह होगा कि इस फटकार के बाद रामकोला सीएचसी की व्यवस्थाओं में कितना सुधार आता है या फिर गरीब मरीज इसी तरह शोषण का शिकार होते रहेंगे।




